ब्रेकिंग
दोनों कमाते हैं, तो रिश्ते में भी हो बराबरी: कामकाजी पति-पत्नी ऐसे बनाए रखें प्यार और तालमेल टेक्सटाइल रिसर्च को मिलेगी नई रफ्तार, सरकार का जोर ‘लैब से बाजार’ तक पहुंचाने पर रामकृष्ण हेगड़े की जन्मशती पर उपराष्ट्रपति का नमन, बोले—‘महान संस्थान निर्माता पीढ़ियों को बदलते हैं... फसल पर मौसम की मार से किसानों को सुरक्षा कवच, PMFBY ने 10 साल में बनाया बड़ा भरोसा कैबिनेट ने 'आत्मनिर्भर भारत' के लिए राष्ट्रीय यूरिया निवेश नीति-2026 (NIPU-2026) को दी मंजूरी कोच्चि में 20 से 23 जुलाई तक 'ऑपरेशन सदर्न रेडीनेस 26-2' की मेजबानी करेगा भारतीय नौसेना पीडीयूएनएएसएस में क्षेत्रीय श्रम आयुक्तों (केंद्रीय) के लिए 'रिकवरी मैनेजमेंट' पर तीन दिवसीय प्रशिक्... चमेली ओड़ा को न्याय दिलाने की मांग पर 17 जून को केंद्रापाड़ा जिला कलेक्टर कार्यालय का घेराव करेगा यु... विश्व पर्यावरण दिवस पर IWWA ओडिशा सेंटर का वृक्षारोपण अभियान, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी का बड़ा फैसला: चावल मिलिंग शुल्क दोगुना, किसानों से धान खरीद होगी और सुचार...
महाराष्ट्र

पेट के अंदर छिपा था 10KG सोना! कैप्सूल बनाकर ला रहे थे तस्कर, मुंबई एयरपोर्ट पर DRI ने किया भंडाफोड़, गैंग ऐसे करता था तस्करी

मुंबई एयरपोर्ट पर डीआरआई की बड़ी कार्रवाई की है. राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) की मुंबई जोनल यूनिट ने ऑपरेशन गोल्डन स्वीप नामक विशेष अभियान के तहत एक अंतरराष्ट्रीय सोना तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया है. इस कार्रवाई में 10.488 किलोग्राम विदेशी मूल का 24 कैरेट सोना, जिसकी कीमत लगभग ₹12.58 करोड़ के करीब बताई जा रही है.

डीआरआई ने इस ऑपरेशन के दौरान 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिनमें दो बांग्लादेशी, छह श्रीलंकाई नागरिक, दो एयरपोर्ट स्टाफ (मीट एंड ग्रीट सेवा से जुड़े), दो हैंडलर और मुंबई स्थित मास्टरमाइंड शामिल हैं. डीआरआई को जानकारी मिली थी कि एयरपोर्ट स्टाफ की मिलीभगत से सोना तस्करी का काम किया जा रहा. आरोपी भारी मात्रा में सोना लेकर मास्टरमाइंड तक पहुंचा रहे हैं. जिसके बाद डीआरआई की इंटेलिजेंस विंग अलर्ट हुई और एयरपोर्ट पर कार्रवाई करते हुए गिरोह का भंडाफोड़ किया है.

अंडे के आकार में बनाकर पेट मे भरते थे

जांच में खुलासा हुआ कि यह गिरोह बेहद सुनियोजित और प्लान बनाकर काम कर रहा था. आरोपी दुबई से सिंगापुर, बैंकॉक और ढाका जाने वाले ट्रांजिट यात्री कैरियर के रूप में काम करते थे. ये यात्री सोना अंडे के आकार के मोम के कैप्सूल में शरीर के अंदर छिपाकर लाते थे.

मुंबई एयरपोर्ट पहुंचने के बाद, ये यात्री अंतरराष्ट्रीय डिपार्चर क्षेत्र में मौजूद मिलीभगत वाले एयरपोर्ट स्टाफ को गुप्त रूप से सोना सौंप देते थे. ये सोना लेने के बाद अंदर के कर्मचारी इसे छिपाकर एयरपोर्ट के बाहर निकाल देते थे. एयरपोर्ट कर्मचारी अवैध रूप से सोना बाहर निकालकर हैंडलरों और रिसीवर्स को सौंपते थे, जो आगे इसे मास्टरमाइंड तक पहुंचाते थे.

ऐसे पहुंचाते थे मास्टरमाइंड तक

जानकारी के मुताबिक, गिरोह का संचालन मुंबई और दुबई में बैठे मास्टरमाइंड कर रहे थे, जो विभिन्न स्टेज पर ट्रांजिट यात्रियों, एयरपोर्ट स्टाफ और स्थानीय सहयोगियों की मदद से यह नेटवर्क चला रहे थे. यह कार्रवाई DRI की इंटेलिजेंस विंग ने की है. एजेंसी ने न सिर्फ एक अहम अंतरराष्ट्रीय गिरोह का पर्दाफाश किया, बल्कि एयरपोर्ट के भीतर मौजूद इनसाइडर थ्रेट को भी उजागर किया है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button